राजू और जादुई हेलमेट​

राजू एक खुशमिजाज लड़का था जिसे साइकिल चलाना बहुत पसंद था। एक दिन उसके पापा ने उसे एक चमकदार लाल हेलमेट दिया और कहा, “जब भी साइकिल चलाओ, ये हेलमेट ज़रूर पहनना। ये तुम्हारी सुरक्षा करता है।”

लेकिन राजू को हेलमेट पहनना अजीब लगा। उसने सोचा, “सिर्फ आज के लिए बिना हेलमेट के चला लेता हूँ।” और वो तेज़ी से निकल पड़ा।

सड़क पर उसने रेड लाइट पर नहीं रुका। सामने से एक स्कूटर आया और राजू गिर गया। सौभाग्य से उसे ज़्यादा चोट नहीं लगी, बस घुटना छिल गया। एक दयालु अंकल ने उसकी मदद की और बोले, “बेटा, नियम हमारी सुरक्षा के लिए होते हैं।”

उस रात राजू ने एक जादुई सपना देखा जहाँ हेलमेट में सुपरपावर थी और ट्रैफिक लाइट्स बोल रही थीं। रेड लाइट बोली, “रुको मतलब रुकना!” ग्रीन लाइट बोली, “सावधानी से चलो!” और हेलमेट चमकते हुए बोला, “मुझे पहनोगे तो सुरक्षित रहोगे!”

सुबह उठते ही राजू मुस्कराया। उस दिन से उसने हमेशा हेलमेट पहनना और ट्रैफिक नियमों का पालन करना शुरू कर दिया। उसके दोस्तों ने भी उससे सीख ली।

कहानी से सीख: हमेशा हेलमेट पहनें और ट्रैफिक नियमों का पालन करें। सुरक्षा ही समझदारी है!

Scroll to Top