आदर: एक छोटी सीख, बड़ा बदलाव
राहुल एक समझदार लेकिन थोड़ा शरारती लड़का था। वह अपने माता-पिता और दादा-दादी के साथ एक सुंदर और शांत गाँव में रहता था। गाँव में लोग एक-दूसरे का बहुत आदर करते थे, लेकिन राहुल को यह आदत नहीं थी। वह सोचता था कि वह सब कुछ जानता है और किसी की बात मानने की जरूरत नहीं है, खासकर बड़ों की। दादा-दादी जब भी उसे कुछ समझाते, वह उनकी बातों को अनसुना कर देता। उसके माता-पिता को भी उसकी यह आदत चिंता में डालती थी।
एक दिन शाम को दादाजी ने राहुल को बुलाया और प्यार से कहा, “बेटा, जंगल में अकेले मत जाना। वहाँ रास्ता भटक जाना आसान होता है और शाम होने पर खतरा बढ़ जाता है।”
लेकिन राहुल ने मन ही मन सोचा, “दादाजी तो हमेशा डरते रहते हैं। मैं बहादुर हूँ, मुझे कुछ नहीं होगा।” उसने दादाजी की बात पर ध्यान नहीं दिया और अगली दोपहर अकेले ही जंगल की ओर निकल पड़ा। वह सुंदर फूलों, चहकते पक्षियों और रंग-बिरंगी तितलियों को देखते-देखते बहुत दूर निकल गया।

धीरे-धीरे सूरज ढलने लगा और जंगल में अंधेरा छा गया। रास्ते अब पहचान में नहीं आ रहे थे। राहुल इधर-उधर भटकता रहा, लेकिन वह अपने गाँव का रास्ता नहीं ढूंढ सका। थोड़ी ही देर में जंगल की अजीब आवाजें उसे डराने लगीं — झींगुरों की तेज़ आवाज़, सूखे पत्तों की सरसराहट, और दूर से आती किसी जानवर की दहाड़ जैसी ध्वनियाँ। राहुल की बहादुरी अब डर में बदल चुकी थी। उसकी आँखों में आँसू आ गए और वह ज़ोर-ज़ोर से रोने लगा।
सौभाग्य से, एक किसान पास के खेतों से लौट रहा था। उसने राहुल की आवाज़ सुनी और जंगल में जाकर उसे ढूंढ निकाला। किसान ने प्यार से पूछा, “बेटा, तुम यहाँ अकेले कैसे आ गए?” राहुल ने डरते हुए सारी बात बताई। किसान ने उसे कंधे पर बैठाया और सुरक्षित घर ले आया।

घर पर सभी बहुत घबराए हुए थे। जैसे ही राहुल घर पहुँचा, उसकी माँ ने उसे गले लगा लिया और दादाजी की आँखों में राहत के आँसू आ गए। राहुल ने दौड़कर दादाजी को गले लगाया और कहा, “माफ कर दीजिए दादाजी। मुझे आपकी बात माननी चाहिए थी। आपने सही कहा था।”
उस दिन से राहुल पूरी तरह बदल गया। उसने बड़ों की बात ध्यान से सुननी शुरू की और सभी का आदर करना सीख लिया। वह समझ गया कि अनुभव और सच्ची चिंता सिर्फ बड़ों में होती है और उनकी बात मानना अपने ही भले के लिए होता है।
कहानी से सीख :
बड़ों का आदर करो, उनकी बातों को समझो और मानो। वे हमेशा तुम्हारे भले की ही सोचते हैं। आदर एक छोटा शब्द है, लेकिन जीवन में बड़ा बदलाव ला सकता है।